चंद्रपुर क्षेत्र में बिना कार्य के वेतन लेने वाले कर्मचारियों को ‘खुली छूट’ देने का आरोप
चंद्रपुर,( राज्य रिपोर्टर न्यूज ) : चंद्रपुर क्षेत्र में प्रबंधन की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उपस्थित हो गए हैं क्षेत्रीय महाप्रबंधक के रूप में एम. एस. रेड्डी के पदभार संभालने के बाद से उन पर लगातार आरोप लग रहे हैं लेकिन अब तक इन आरोपों पर कोई ठोस या सकारात्मक कार्रवाई सामने नहीं आई है हैरानी की बात यह है कि इन मामलों पर मुख्यालय स्तर से भी चुप्पी साधी गई है.
इसी बीच एक और बड़ा मामला उजागर हुआ है राष्ट्रीय कोयला खदान मजदूर संघ (इंटक) के महामंत्री के. के. सिंग के नेतृत्व में हाल ही में चंद्रपुर क्षेत्रीय महाप्रबंधक कार्यालय के सामने जोरदार विरोध प्रदर्शन किया गया. इस प्रदर्शन में विभिन्न विभागों से जुड़े 9 महत्वपूर्ण मुद्दों को उठाया गया, जिनमें से एक ‘बिना कार्य के वेतन’ का मुद्दा भी शामिल हैं.
विरोध प्रदर्शन के दरम्यान आयोजित पत्रकार परिषद में के. के. सिंग ने बताया कि क्षेत्र में कुछ कर्मचारियों को बिना कोई काम किए नियमित वेतन दिया जा रहा है इतना ही नहीं तों छुट्टी के दिनों का भी भुगतान किया जा रहा है जबकि उन्होंने कोई कार्य नहीं किया . उनके यह आरोप सीधे तौर पर प्रबंधन के व्यवस्था की पारदर्शिता पर सवाल खड़ा करता है.
पत्रकार परिषद में उन्होंने दावा किया की क्षेत्र में कई ऐसे कर्मचारी हैं जो या तो कामगार संगठनों के वर्तमान या पूर्व पदाधिकारी हैं राजनीतिक दलों से जुड़े हैं, या फिर निजी व्यवसाय चला रहे हैं उन्होंने बताया कि इनमें से कुछ कर्मचारियों के नाम लिखित रूप से क्षेत्रीय महाप्रबंधक को सौंपे गए हैं लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं होने से यह आरोप और मजबूत हो गया है कि क्षेत्रीय महाप्रबंधक द्वारा उन्हें ‘खुली छूट’ दी जा रही है.
प्रदर्शन के दरम्यान उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो वे सभी संबंधित कर्मचारियों के नाम और ठोस सबूत सार्वजनिक करेंगे साथ ही क्षेत्रीय महाप्रबंधक समेत संबंधित कर्मचारियों की शिकायत उच्च स्तर पर करेंगे.
अब “राज्य रिपोर्टर न्यूज़” ने भी इस मुद्दे को गंभीरता से लेते हुए आगामी दिनों में उपक्षेत्र निहाय उन कर्मचारियों के नाम उजागर करेगा जो बिना काम के वेतन ले रहे हैं.
यह मामला न केवल क्षेत्रीय प्रबंधन की लापरवाही को उजागर करता है बल्कि कंपनी की पारदर्शिता व्यवस्था पर भी बड़ा सवाल खड़ा करता है जिससे अब देखना होगा कि जिम्मेदार अधिकारी इस पर कब और क्या कार्रवाई करते हैं.







0 Comments